सूचना एवं रोज़गार अधिकार अभियान द्वारा पिछले 1 दिसंबर को जयपुर से शुरू की गयी जवाबदेही यात्रा इन दिनों जोधपुर जिले में है. पिछले 92 दिनों में यात्रा राज्य के 30 जिलों में जा चुकी है और जोधपुर इस यात्रा का 31वां जिला है. सरकारी तंत्र की जवाबदेही सुनिश्चित करने की एक पुख्ता व्यवस्था कायम करने के उद्देश्य से चल रही इस यात्रा में न सिर्फ राज्य के विभिन्न जिलों बल्कि देश के कई हिस्सों से लोग जुड़े हैं.

फालोदी में हुई सभा को संबोधित करते हुए वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता शंकर सिंह ने कहा कि आज ज़रुरत है सवाल पूछने की और जवाब मांगने की. उन्होंने कहा कि जो सरकारी तंत्र जनता की सेवा के लिए बनाया गया वही आज जनता के शोषण का सबसे बड़ा कारण बन गया है. उन्होंने जोर देकर कहा कि आखिर इतनी मोटी तनख्वाहें और अन्य सुविधाओं के बावजूद जब सरकारी अधिकारी और कर्मचारी अपना काम ठीक से न करे और रिश्वत भी मांगे तो फिर ऐसे में इस सरकारी तंत्र का क्या मतलब है? उन्होंने कहा कि सूचना के अधिकार कानून के आने से सरकारी तंत्र को कुछ हद तक पारदर्शी तो होना पड़ा है लेकिन आज भी ठीक से काम न करने वाले या भ्रष्ट सरकारी कर्मचारिओं की जवाबदेही तय करना मुमकिन नहीं है. उन्होंने कहा कि यही वजह है कि एक पुख्ता जवाबदेही और भागीदारी कानून बनाने की मांग को लेकर यह यात्रा गान-गाँव और शहर-शहर में जा रही है.

दूसरा दशक के मुरारीलाल थानवी ने यात्रा का स्वागत करते हुए कहा कि सूचना रोज़गार अभियान की इस मुहिम में पूरे प्रदेश से वे प्रतिबद्ध और समर्पित कार्यकर्ता जुड़े हैं जिन्होंने सूचना के अधिकार कानून और नरेगा जैसे कानूनों के लिए संघर्ष किया था और आज जब ये लोग शिकायत-निवारण और जवाबदेही के लिए एक कानून बनाने की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं तो हम सब को इस अभियान में जुड़कर इसे मज़बूत करना चाहिए.

क्या हैं जवाबदेही कानून के प्रावधान?

यात्रा द्वारा प्रस्तावित जवाबदेही कानून के मसौदे के बारे में बताते हुए सूचना रोज़गार अभियान के कमल टांक ने कहा कि हमारी मांग है किजनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के स्पष्ट जॉब चार्ट बनें और निर्धारित समय में काम नहीं करने पर सरकारी कर्मचारियों और अधिकारिओं पर जुर्माना लगे। साथ ही यदि लोगों का काम निर्धारित समय में नहीं हो तोएवज में जनता को मुआवजा मिले और भ्रष्टाचार करने, रिश्वत मांगने पर स्वतंत्र एजेन्सी द्वारा जांच की जाये और दोषी पाए जाने पर उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर जेल भेजा जाये.

बाप में की सभा

बाप में भी जवाबदेही यात्रा ने एक सभा कर जवाबदेही कानून के लिए समर्थन हासिल किया. यहाँ हुई सभा को मानव सेवा केंद्र के भोमराज सुथार ने भी संबोधित किया. उन्होंने कहा कि सूचना और रोज़गार अधिकार अभियान ने हमेशा जनता के लिए ज़रूरी मुद्दों को उठाया है और आज भी जवाबदेही की एक पुख्ता व्यवस्था के लिए चल रहे इस आन्दोलन को प्रदेश के सभी वर्गों और इलाकों का समर्थन हासिल है. उन्होंने यह भी कहा कि लोकतंत्र को सही मायनों में स्थापति करने के लिए और संवैधानिक व्यवस्था को इसके सही अर्थों में धरातल पर उतारने के लिए ये जवाबदेही कानून एक मील का पत्थर साबित होगा.

देचू में भी यात्रा ने रैली तथा नुक्कड़ सभा के माध्यम से जन समर्थन जुटाया. उल्लेखनीय है कि अब तक 40,000 से भी ज्यादा लोग यात्रा द्वारा जवाबदेही कानून के समर्थन में चलाये जा रहे हस्ताक्षर अभियान से जुड़ चुके हैं.

कल जोधपुर में लगेगा जवाबदेही मेला

यात्रा से जुड़े सांवर लाल ने बताया कि कल बुधवार को जवाबदेही यात्रा द्वारा जोधपुर जिला मुख्यालय के कलेक्ट्रेट के समीप 11 बजे से 4 बजे तक एक जवाबदेही मेला लगाया जायेगा. इस मेले में न सिर्फ लोगों को विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में जागृत किया जायेगा बल्कि उनकी प्रशासन से सम्बंधित शिकायतों को रिकॉर्ड कर उन्हें राजस्थान संपर्क पोर्टल पर दर्ज किया जायेगा. डिजिटल एम्पावरमेंट फाउंडेशन के शिशिर ने बताया कि यात्रा अब तक 8,500 से भी ज्यादा शिकायतें इस तरह दर्ज कर चुकी है जिनके उचित निस्तारण के लिए यात्रा दल ने एक हेल्पलाइन (88904060728890406072) भी बनायीं है जिसपर शिकायत दर्ज करने वाले लोग अपनी शिकायत पर हो रही कार्यवाही के बारे में जान सकते हैं. उन्होंने यह भी बताया कि जवाबदेही मेले के साथ-साथ यात्रा दल कल जिला कलक्टर तथा अन्य जिला-स्तरीय अधिकारिओं से मिलकर जिले की समस्याओं को उनके समक्ष रखेगा और उनके उचित समाधान के लिए प्रशासन से विमर्श करेगा.

उल्लेखनीय है कि जन सहयोग से चल रही इस यात्रा को हर जगह जनता का भरपूर समर्थन मिल रहा है. अब तक हजारों लोग जवाबदेही कानून के समर्थन में चलाये जा रहे हस्ताक्षर अभियान से जुड़ चुके हैं और यह संख्या लगातार बढती जा रही है. इस अभियान से जुड़ने के लिए नागरिक 76763070907676307090 नंबर पर मिस्ड कॉल भी कर सकते हैं. यात्रा के 100 दिन पूरे होने पर 10 मार्च, 2016 को जयपुर में हजारों लोग जवाबदेही कानून बनाने की मांग को लेकर इकठ्ठा होंगे.

अभियान द्वारा प्रस्तावित कानून का मसौदा और सर्वेक्षण दल की रिपोर्ट भी संलग्न है.

अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें –

सूचना एवं रोजगार अधिकार अभियान, राजस्थान की ओर से

संपर्क – निखिल डे – 94140041809414004180, मुकेश – 94688622009468862200

कमल – 94134572929413457292

हरिओम – 94138317619413831761 अमित -0987352210409873522104

फ़िरोज़ खान
मीडिया कॉडिनेटर
एच एम् आर सी बारां ।

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प्रेस निमंत्रण

अरुणा रॉय, निखिल डे व अन्य करेंगे आज जोधपुर में मीडिया के साथ वार्ता

जवाबदेही कानून और अकलेरा के हमले पर होगी बात

02.03.2016

जोधपुर, राजस्थान

1 दिसंबर 2015 को जयपुर से शुरू हुई जवाबदेही यात्रा अपने 31वें जिले जोधपुर में पिछले दो दिनों से विभिन्न इलाकों में जा रही है जैसे शेरगढ़, फलोदी, देचू, बाप, आदि. आज 2 मार्च, 2016 (बुधवार) को जिला मुख्यालय जोधपुर के कलेक्ट्रेट दफ्तर के समीप एक जवाबदेही मेला यात्रा टीम द्वारा आयोजित किया जा रहा है. प्रातः 11 बजे से लेकर 4 बजे तक आयोजित इस मेले में जनता की प्रशासन के विभिन्न विभागों से सम्बंधित शिकायतें दर्ज कर राजस्थान संपर्क पोर्टल पर उन्हें अपलोड किया जायेगा.

अपरान्ह बारह बजे से दो बजे तक जवाबदेही यात्रा का एक प्रतिनिधि मंडल जिला कलक्टर, जिला रसद अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, तथा अन्य विभागों के जिला स्तरीय अधिकारिओं के साथ एक मीटिंग कर जिले में यात्रा द्वारा दर्ज समस्याओं के समाधान को लेकर विमर्श भी करेगा.

सांय 05:30 बजे अरुण होटल, सोजती गेट, जोधपुर में एक प्रेस कांफ्रेंस यात्रा द्वारा आयोजित की जा रही है. इस प्रेस कांफ्रेंस के मुख्य वक्ताओं में सूचना एवं रोज़गार अधिकार अभियान के वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता तथा मजदूर किसान शक्ति संगठन के संस्थापक सदस्य अरुणा रॉय, निखिल डे, शंकर सिंह, जय भीम विकास शिक्षण संस्थान के तुलसीदास, डॉ. महेंद्र पटवा, उन्नति संस्थान की स्वप्नी, दूसरा दशक के मुरारीलाल थानवी आदि शामिल होंगे.

इस प्रेस वार्ता में एस आर अभियान द्वारा तैयार किये गए जवाबदेही कानून के मसौदे पर, अकलेरा (झालावाड) में जवाबदेही यात्रा पर हुए हमले के सम्बन्ध में कार्यवाही न होने तथा शिकायत-निवारण की एक पुख्ता व्यवस्था कायम करने के आन्दोलन को लेकर चर्चा होगी.

आपसे आग्रह है कि आप सांय 05:30 बजे अरुण होटल पर पहुँच कर एक अत्यंत महत्वपूर्ण विषय पर आयोजित इस प्रेस वार्ता में अवश्य शामिल हों.

प्रेस निमंत्रण के साथ हम जवाबदेही कानून का मसौदा भी संलग्न कर रहे हैं जिस पर आपके अमूल्य सुझाव आमंत्रित हैं.

संपर्क –

डॉ. महेंद्र पटवा – 98290-24666 कमल – 94134-57292

अमित – 98735-22104

फ़िरोज़ खान
मीडिया कॉडिनेटर
एच एम् आर सी बारां ।

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प्रेस विज्ञप्ति

02.03.2016

एक पारदर्शी और जवाबदेह सरकार ही बचा सकती है लोकतंत्र को – अरुणा रॉय

जोधपुर में लगा जवाबदेही मेला; जिलाधीश तथा अन्य अधिकारिओं से मिला जवाबदेही यात्रा का प्रतिनिधि मंडल

जवाबदेही यात्रा जा चुकी है 31 जिलों में; 93 दिनों से चल रही यात्रा

जोधपुर, राजस्थान

पिछले 1 दिसंबर को जयपुर से शुरू हुई जवाबदेही यात्रा इन दिनों जोधपुर जिले में है. पिछले तीन दिनों से जोधपुर के शेरगढ़, फलोदी, बाप, देचू आदि के कई गाँवों में यात्रा टीम ने नागरिकों की प्रशासन से सम्बंधित शिकायतें दर्ज कीं. साथ ही सूचना केंद्र में भी आज एक कैंप लगाकर शिकायतें दर्ज हुईं जिसमें जिले के कई इलाकों से लोगों ने शिरकत की.

दर्ज हुईं विभिन्न विभागों से सम्बंधित शिकायतें

डिजिटल एम्पावरमेंट फाउंडेशन के शिशिर ने बताया कि यहाँ राशन के नियमित रूप से न मिलने, पात्र परिवारों को खाध्य सुरक्षा की सूची से बाहर कर देने, पेंशन के कई महीनों से न मिलने, कलाकारों की पेंशन सम्बन्धी रुकावटें, ई-मित्र केन्द्रों पर मनमानी राशि वसूलने, नरेगा में फर्जी हाजरीयां तथा भ्रष्टाचार, बैंकों में पेंशनधारी बुजुर्गों एवं अन्य के साथ उचित व्यवहार न होने आदि की शिकायतें शामिल थीं. उन्होंने बताया कि यात्रा 8500 से ज्यादा शिकायतें अब तक दर्ज कर चुकी है.

अधिकारिओं से मिला प्रतिनिधि मंडल

कैम्प में शिकायतें दर्ज करने के साथ ही यात्रा के एक प्रतिनिधि मंडल ने जिला कलक्टर तथा अन्य जिला स्तरीय अधिकारिओं से एक मीटिंग की. इस प्रतिनिधि मंडल में सूचना एवं रोज़गार अभियान के अरुणा रॉय, निखिल डे, लाल सिंह, आस्था संस्थान के भंवर सिंह चंदना, आर डी व्यास, जय भीम संसथान के तुलसीदास, रूपायन संसथान के कुलदीप कोठारी, तथा अभियान के अन्य साथी शामिल थे.

प्रशासन की ओर से जिला कलक्टर बिष्णु चरण मल्लिक, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला रसद अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, समाज कल्याण विभाग, सूचना तकनीकी विभाग, राजस्थान संगीत नाटक अकादमी तथा अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद थे.

खनन और सिलिकोसिस से सम्बंधित मुद्दे भी उठे

मीटिंग में बेलगाम खनन माफिया और सिलिकोसिस के बढ़ते केसेज को लेकर भी चर्चा हुई. यह चिंताजनक है कि 90% से भी ज्यादा खानों के बारे में खनन सुरक्षा निदेशालय को जानकारी तक नहीं है. उचित मोनिटरिंग न होने से न तो खनन मजदूरों को सुरक्षित वातावरण मिलता है और साथ ही सिलिकोसिस के केसेज़ भी जिले में बढ़ते जा रहे हैं. यात्रा दल की मांग थी कि खदानों से सम्बंधित सभी जानकारी स्पष्ट रूप से पंचायतों पर वॉल-पेंटिंग के ज़रिये प्रदर्शित हो और साथ ही स्थानीय ग्रामीणों को इन खदानों की मोनिटरिंग में भागीदार बनाया जाये.

अधिकारिओं ने दिए कई आदेश

राशन सम्बन्धी शिकायतों पर यात्रा की मांग थी कि सभी राशन दुकानों पर खाध्य सुरक्षा लाभार्थिओं की सूची चस्पा की जाए साथ ही राशन की पात्रता की शर्तों को भी स्पष्ट रूप से राशन दुकानों के बाहर पेंट किया जाये. साथ ही ई-मित्र केन्द्रों पर मुहमांगी राशी वसूले जाने पर जिला कलक्टर ने कहा कि सभी ई-मित्र केंद्र संचालकों को निर्देश दिए जायेंगे कि वे विभिन्न सुविधाओं की रेट-लिस्ट अपने केन्द्रों के बाहर लगायें और ये साफ़ तौर पर लिखें कि विभिन्न सुविधाएं प्राप्त करने की निर्धारित फीस क्या है. उन्होंने यह भी कहा कि अनियमितता पाए जाने पर इन संचालकों के खिलाफ कार्यवाही भी की जाएगी. साथ ही अन्य मुद्दों पर भी शीघ्र और उचित कार्यवाही का आश्वासन दिया.

क्या हैं जवाबदेही कानून के प्रावधान?

यात्रा द्वारा प्रस्तावित जवाबदेही कानून के मसौदे के बारे में बताते हुए सूचना रोज़गार अभियान के शंकर सिंह ने कहा कि हमारी मांग है किजनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के स्पष्ट जॉब चार्ट बनें और निर्धारित समय में काम नहीं करने पर सरकारी कर्मचारियों और अधिकारिओं पर जुर्माना लगे। साथ ही यदि लोगों का काम निर्धारित समय में नहीं हो तोएवज में जनता को मुआवजा मिले और भ्रष्टाचार करने, रिश्वत मांगने पर स्वतंत्र एजेन्सी द्वारा जांच की जाये और दोषी पाए जाने पर उन्हें नौकरी से बर्खास्त कर जेल भेजा जाये.

अपनी धरोहर को बचाने के लिए करने होंगे प्रयास – अरुणा रॉय

आज जिला कलक्टर तथा अन्य अधिकारिओं के साथ हुई मीटिंग में प्रख्यात समाजसेवी अरुणा रॉय ने लोक कलाकारों की उपेक्षा पर चिंता जताते हुए कहा कि राजस्थान और विशेषकर पश्चिमी राजस्थान के पास जो लोक कलाओं और कलाकारों की अमूल्य धरोहर है उसे बचाने के लिए प्रशासन और समाज के सभी वर्गों को प्रयास करने होंगे. ज़मीनों के पट्टे, शमशान भूमि, पेंशन आदि से सम्बंधित शिकायतों की भारी मात्रा को देखते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि इन सभी के लिए ब्लॉक स्तर या पंचायत स्तर पर विशेष कैंप लगाकर इन समस्याओं को सुलझाने का प्रयास करेंगे.

अकलेरा केस में नहीं हुई उचित कार्यवाही – निखिल डे

एक प्रभावी, जनोपयोगी और मज़बूत शिकायत निवारण तथा जवाबदेही व्यवस्था की मांग को लेकर चल रही जवाबदेही यात्रा पर झालावाड में हुए हमले पर वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता निखिल डे ने अफ़सोस जताते हुए कहा कि इतना वक़्त गुज़र जाने के बाद भी अभी तक इस मामले में कोई पुख्ता कार्यवाही नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि एक ऐसा अभियान जो कि देश के गरीब और वंचित वर्गों को उनके हक दिलाने और उनकी रोज़मर्रा की समस्याओं को सुलझाने के लिए आगे बढ़ रहा है उस पर इस तरीके से हुआ हमला बेहद शर्मनाक है. उन्होंने कहा कि जब पुलिस प्रशासन को इस हमले के कई फोटो और विडियो उपलब्ध करवा दिए गए हैं जिनमें उक्त विधायक सहित कई अन्य लोग यात्रा दल पर लाठिया बरसाते साफ़ दिख रहे हैं और कई गवाहों के बयान भी पुलिस जांच के दौरान हो चुके हैं तो हमें लग रहा था कि जल्द इस हमले के आरोपिओं पर कार्यवाही होगी लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हुआ है.

उल्लेखनीय है कि 16 जनवरी, 2016 को झालावाड के अकलेरा में सूचना रोज़गार अभियान की जवाबदेही यात्रा पर मनोहरथाना विधायक कँवर लाल मीणा तथा अन्य ने लाठियो से लैस होकर बर्बर हमला किया था जिसमें वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता शंकर सिंह तथा अन्य यात्रिओं को चोटें आईं थी जिनमें महिलाएं और बुज़ुर्ग भी शामिल थे.

यात्रा से जुड़े कमल टांक ने बताया कि यात्रा देर शाम जोधपुर से निकलकर नागौर की ओर प्रस्थान करेगी. उल्लेखनीय है कि 100 दिनों में पूरे राजस्थान के सभी 33 जिलों में जाने वाली यह यात्रा पिछले 93 दिनों से प्रदेश के विभिन्न जिलों में जा रही है और अब तक 31 जिलों के 170 से भी ज्यादा ब्लॉक्स में जा चुकी है.

उल्लेखनीय है कि जन सहयोग से चल रही इस यात्रा को हर जगह जनता का भरपूर समर्थन मिल रहा है. अब तक हजारों लोग जवाबदेही कानून के समर्थन में चलाये जा रहे हस्ताक्षर अभियान से जुड़ चुके हैं और यह संख्या लगातार बढती जा रही है. इस अभियान से जुड़ने के लिए नागरिक 76763070907676307090 नंबर पर मिस्ड कॉल भी कर सकते हैं.

अभियान द्वारा प्रस्तावित जवाबदेही और भागीदारी कानून का मसौदा और एक सर्वेक्षण रिपोर्ट भी संलग्न है. कृपया कानून के मसौदे पर अपने सुझाव srabhiyan@gmail.comपर भेजें.

अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें –

सूचना एवं रोजगार अधिकार अभियान, राजस्थान की ओर से

संपर्क – निखिल डे – 94140041809414004180, मुकेश – 946886200

कमल – 94134572929413457292

हरिओम – 94138317619413831761 अमित -0987352210409873522104
फ़िरोज़ खान
मीडिया कॉडिनेटर
एच एम् आर सी बारां